सामुदायिक भागीदारी से आवारा पशुओं की समस्या सुलझाने की शानदार पहल..

सोनहत(कोरिया) सड़कों पर आवारा पशुओं की मौजूदगी से आए दिन होने वाली दुर्घटनाओं और जनहानि की खबरें अब आम हो गई हैं। लेकिन इसी बीच कोरिया जिले के सोनहत विकासखंड अंतर्गत घुघरा पंचायत ने इस गंभीर समस्या के समाधान के लिए एक प्रशंसनीय और अनुकरणीय पहल की है।
पंचायत ने सामुदायिक सहयोग से निजी आवारा पशुओं की देखभाल, चराने और सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी तय कर दो चरवाहों की व्यवस्था की है, जिनका मानदेय भी ग्रामीणों के सामूहिक योगदान से दिया जा रहा है। प्रतिदिन सुबह 9 बजे चरवाहे सभी आवारा पशुओं को जंगल की ओर ले जाते हैं और शाम को उन्हें वापस लाकर पूर्व में बनाए गए गोठान में सुरक्षित रखते हैं।
घुघरा पंचायत के सरपंच, सचिव और ग्रामीणों द्वारा की गई यह पहल न सिर्फ सराहनीय बल्कि उन सभी पंचायतों के लिए प्रेरक है, जहां आवारा पशुओं की समस्या विकराल रूप ले चुकी है। ग्रामीणों का कहना है कि पशुओं का अनुपयोगी हो जाने पर उन्हें सड़कों पर छोड़ देना अमानवीय है, इसलिए सामूहिक जिम्मेदारी ही इसका समाधान है।
घुघरा पंचायत की यह सफल पहल अन्य पंचायतों के लिए प्रेरणा स्रोत बन रही है और सामुदायिक भागीदारी से आवारा पशु समस्या के समाधान का एक आदर्श मॉडल प्रस्तुत कर रही है।




