जिला पंचायत सदस्य सुरेश सिंह फटे डबल इंजन सरकार पर – विधानसभा भवन के शिलालेख से नेता प्रतिपक्ष का नाम गायब होना बताया घोर लापरवाही..

कोरिया/ छत्तीसगढ़ विधानसभा के नवीन भवन के लोकार्पण शिलालेख से नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत का नाम गायब होना अब राजनीतिक गलियारों में गरम मुद्दा बन गया है। जिला पंचायत सदस्य सुरेश सिंह ने इस पर कड़ी नाराजगी जताते हुए इसे प्रशासनिक चूक नहीं बल्कि डबल इंजन सरकार की सोच और लापरवाही का जीता-जागता उदाहरण बताया।
सुरेश सिंह ने कहा कि विधानसभा जैसी लोकतांत्रिक संस्था के शिलालेख में विपक्ष के नेता का नाम न जोड़ना परंपरा, मर्यादा और संवैधानिक गरिमा के खिलाफ है। यह सरकार की छोटी मानसिकता और राजनीतिक असहिष्णुता को दर्शाता है।
उन्होंने कहा —
यह केवल नाम छूटना नहीं, बल्कि लोकतंत्र की आत्मा को ठेस पहुंचाने जैसा है। डॉ. चरणदास महंत छत्तीसगढ़ की राजनीति के वरिष्ठ और सम्मानित नेता हैं, और उनका नाम नहीं होना सरकार की संकीर्ण सोच को उजागर करता है। मैं इसकी घोर निंदा करता हूं।
सुरेश सिंह ने मांग की है कि सरकार तत्काल शिलालेख में सुधार करे और इस चूक के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई करे, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं दोबारा न हों।
राजनीतिक हलकों में माना जा रहा है कि यह बयान आने वाले दिनों में सरकार बनाम विपक्ष के बीच नए विवाद की चिंगारी साबित हो सकता है।




